कृषि पंपों की क्षमता की तकनीकी जांच कर जिलेभर की शिकायतों का निराकरण करने को कहा
नेपा दर्पण प्रतिनिधि।
ग्राम बोरसल में कृषि पंपों के बिजली बिलों में तकनीकी विसंगति की शिकायत पर सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने किसानों के बीच पहुंचकर उनकी समस्याएं सुनीं। किसानों ने बताया कि मोटरों की वास्तविक क्षमता से अधिक हॉर्स पावर दर्ज होने के कारण उन्हें बढ़े हुए बिजली बिल मिल रहे हैं।
वास्तविक क्षमता से अधिक लोड दर्ज होने की शिकायत
किसानों के अनुसार, 5 एचपी की मोटर पर 7.5 एचपी और 10 एचपी की मोटर पर 12.5 से 16 एचपी तक का लोड दर्ज कर बिल जारी किए जा रहे हैं। इससे किसानों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। किसानों ने वास्तविक क्षमता के आधार पर बिल जारी करने की मांग की।
तकनीकी जांच के लिए टीम भेजने के निर्देश
सांसद पाटील ने विद्युत विभाग के अधीक्षण यंत्री के.एस. मालवीय से फोन पर चर्चा कर निर्देश दिए कि ऐसी शिकायतों वाले गांवों में तकनीकी टीम भेजकर कृषि पंपों की क्षमता की निष्पक्ष जांच की जाए। बिलिंग में मानवीय या तकनीकी त्रुटि मिलने पर नियमानुसार तत्काल सुधार किया जाए।
जिलेभर की शिकायतों का होगा निराकरण
सांसद ने अधिकारियों से जिले में इस तरह की सभी शिकायतों का परीक्षण कर प्रभावित किसानों को राहत देने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिजली बिल वास्तविक लोड के आधार पर ही जारी किए जाएं और तकनीकी खामियों को दूर किया जाए।
ग्रामीणों ने जताया आभार
सांसद की पहल पर बोरसल के ग्रामीणों ने आभार जताया। इस दौरान भागवत शिंदे, युवराज पाटील, गजानन पाटील, किशोर शाह, अनिल भाऊ भोसले, सुरेश चौधरी, अरुण चौधरी, रामभाऊ चौधरी, प्रकाश पाटील, अशोक पाटील, वामन शिंदे, मोहन चौधरी और यशराज पाटील सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।





