सीवल मार्ग के सुधार कार्य में लापरवाही के आरोप, ग्रामीणों ने विभागीय निगरानी पर उठाए सवाल
नेपा दर्पण प्रतिनिधि।
नेपानगर से सीवल को जोड़ने वाले मार्ग पर चल रहा पेचवर्क कार्य एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गया है। सोमवार शाम क्षेत्र में बारिश के दौरान भी सड़क पर पेचवर्क किए जाने की बात सामने आई है। मौसम खराब होने के बावजूद ठेकेदार ने डामर की परत बिछाने का काम जारी रखा गया। इतना ही नहीं, कार्य आगे बढ़ता रहा और पीछे किए गए पेचवर्क के हिस्से उखड़ने लगे। इस स्थिति को लेकर सड़क की गुणवत्ता और निर्माण कार्य की निगरानी पर सवाल उठ रहे हैं।
कुछ दिन पहले शुरू हुआ सुधार कार्य
नेपानगर-सीवल मार्ग पर बीते दो-तीन दिनों से सड़क के क्षतिग्रस्त हिस्सों को दुरुस्त करने का काम किया जा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, मार्ग का निर्माण करीब दो वर्ष पहले पीडब्ल्यूडी के ठेकेदार द्वारा कराया गया था। निर्माण के दौरान भी गुणवत्ता को लेकर सवाल उठाए गए थे। इसके बाद सड़क जगह-जगह खराब होने लगी और कुछ समय में इसके हिस्से उखड़ने लगे।
ग्रामीणों की ओर से सड़क की स्थिति को लेकर लगातार जनप्रतिनिधियों तक शिकायतें पहुंचाई गईं। इसके बाद सड़क के सुधार के लिए विभाग की ओर से नए ठेकेदार को काम सौंपा गया। अब इसी सुधार कार्य के दौरान बारिश के बीच पेचवर्क किए जाने को लेकर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई है।
विभागीय निगरानी पर ग्रामीणों ने उठाए सवाल
पेचवर्क के दौरान मौके पर विभाग का कोई अधिकारी या कर्मचारी मौजूद नहीं होने का आरोप लगाया गया है। सीवल सरपंच कविता बाई संतोष ने निर्माण कार्य की निगरानी को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि सड़क बनने के कुछ समय बाद ही खराब हो गई। अब यदि सुधार कार्य में भी इसी तरह लापरवाही बरती जाती है तो इसकी मजबूती कितने समय तक रहेगी, यह चिंता का विषय है। उनका कहना है कि निर्माण कार्य में होने वाली लापरवाही का असर सीधे तौर पर ग्रामीणों को भुगतना पड़ेगा।
जनप्रतिनिधियों ने अधिकारियों से संपर्क की कोशिश की
सीवल की सरपंच कविता बाई संतोष के अनुसार, मामले की जानकारी मिलने के बाद पीडब्ल्यूडी की ईई पदमरेखा श्रीवास्तव से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन फोन पर संपर्क नहीं हो सका। उनका आरोप है कि विभागीय अधिकारियों की अनुपस्थिति में ठेकेदार ने अपनी सुविधा के अनुसार काम पूरा कर लिया।
मांडवा सरपंच तुलसीराम अलावे ने भी कार्य को लेकर नाराजगी जताई। उनके अनुसार, काम की स्थिति को लेकर अधिकारियों से बात करने की कोशिश की गई, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया। उन्होंने बताया कि पेचवर्क पूरा होने से पहले ही पीछे किए गए हिस्से के उखड़ने की स्थिति दिखाई देने लगी थी। उनका कहना है कि यदि कार्य इसी तरह हुआ तो भविष्य में इसकी परेशानी ग्रामीणों को उठानी पड़ेगी।
बदनापुर के सरपंच प्रतिनिधि बिसन वास्कले ने कहा कि गांव के लिए लंबे समय के बाद सड़क बनी थी, लेकिन निर्माण में लापरवाही के कारण सड़क खराब हो गई। अब सुधार कार्य के दौरान भी बारिश में काम किए जाने और मौके पर अधिकारी की मौजूदगी नहीं होने से ठेकेदार द्वारा काम किए जाने पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
पीडब्ल्यूडी ने दोबारा सुधार कराने की बात कही
मामले में पीडब्ल्यूडी के उपयंत्री शोभाराम सोलंकी ने कहा कि निर्माण कार्य के दौरान विभागीय कर्मचारी मौके पर मौजूद थे। उन्होंने कहा कि ठेकेदार द्वारा किया गया कार्य यदि उखड़ता है तो उसे दोबारा दुरुस्त कराया जाएगा।
एसडीएम ने जांच का दिया भरोसा
मामले की जानकारी एसडीएम नेपानगर श्रीजन श्रीवास्तव के संज्ञान में आने के बाद उन्होंने कहा कि मौके पर पहुंचकर कार्य की जांच की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि ठेकेदार को लापरवाही से काम नहीं करने दिया जाएगा।









